26/06/2019

Saving Account और Currunt अकाउंट क्या है?

बैंक में खाता खुलवाने से पहले प्रत्येक व्यक्ति के दिमाग में यह सवाल जरूर आता है कि जब आप खाता खुलवाने जाते हैं तो खाते के कई प्रकार आपको बताए जाते हैं जिनमें से सेविंग अकाउंट यानी बचत खाता और करंट अकाउंट मुख्य रूप से होते हैं. ऐसे में आपको दोनों के विषय में जानकारी होनी चाहिए ताकि आप अपनी आवश्यकता के अनुसार खाता खुलवा सके.

 Saving Account और Currunt अकाउंट क्या है?

प्रधानमंत्री की जन धन योजना की वजह से आज के समय में बैंक खाता हर किसी व्यक्ति के पास किसी ना किसी बैंक में खाता जरूर है. परंतु जो लोग अपना पहला खाता खुलवाने जा रहे हैं, उनको सेविंग अकाउंट और करंट अकाउंट में अंतर जरूर पता होना चाहिए.

वैसे बैंक में इस विषय की जानकारी प्रदान करने की सुविधा होती है परंतु आप जानते ही हैं कि बैंकों में जानकारी प्रदान करने की जिम्मेदारी कोई लेता ही नहीं. इसलिए आज के लेख में आपको सेविंग अकाउंट बचत खाता और करंट अकाउंट के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं.

बचत खाता यानी Saving Account क्या है?

पैसे जमा करना हर किसी का शौक होता है ताकि भविष्य में अपनी जरूरतों को पूरा करना आसान हो. इसके लिए सभी लोग बैंक में खाता जरूर खुलवाते हैं.
Saving account : जब एक आम व्यक्ति अपने पर्सनल इस्तेमाल के लिए, अपने धन की बचत करने के लिए बैंक खाता खुलवाता है उस बैंक खाते को सेविंग अकाउंट के तहत खोला जाता है. इसलिए जब फॉर्म भरे तो सेविंग अकाउंट सिलेक्ट करें.
सेविंग अकाउंट का अर्थ होता है बचत खाता यानी जिस खाते का इस्तेमाल एक व्यक्ति निजी तौर पर करता है और अपने धन की बचत करने के लिए, या अपने धन को इकट्ठा करने के लिए खाते का इस्तेमाल करता है वह खाता बचत खाता अर्थात सेविंग अकाउंट कहा जाता है.

सेविंग अकाउंट में आप कभी भी पैसे जमा कर सकते हैं और कभी भी निकाल सकते हैं. अपनी जरूरतों के लिए डेबिट कार्ड क्रेडिट कार्ड इंटरनेट बैंकिंग एटीएम इत्यादि का इस्तेमाल कर सकते हैं.

Interest : बचत खाते में आपके द्वारा बचत किया गया धन पर आपको ब्याज भी मिलता है. सेविंग अकाउंट की ब्याज दर 3% से 7% के बीच में होती, बैंकों के हिसाब से यह अलग-अलग भी हो सकती है.

सेविंग अकाउंट को खुलवाने के लिए आपको शुरुआत में ₹100 या उससे अधिक जमा करने आवश्यक होते हैं. हालांकि इसमें एक जीरो बैलेंस की श्रेणी भी प्रदान की जाती है.

Note: Saving अकाउंट में आप किसी भी व्यक्ति को भेज कर पैसे जमा करा सकते हैं परंतु बैंक में जाकर पैसे निकालने के लिए अकाउंट के मालिक को ही बैंक जाना पड़ेगा. तभी बैंक वाले पैसा देंगे. जिस व्यक्ति के नाम से खाता है वही पैसे निकाल सकता है.

चालू खाता क्या है Current Account

Current Account जिसे हिंदी में चालू खाता कहते हैं यह उन लोगों के लिए होता है जिन्हें बैंकों में अधिक काम होता है. जो बार-बार अपने अकाउंट में पैसे जमा करते हैं और निकालते हैं. इन्हें रोजाना अपने अकाउंट में अनेकों ट्रांजैक्शन करने पड़ते हो ऐसे लोग करंट अकाउंट खोलते हैं.

करंट अकाउंट की सुविधा व्यवसायिक लोगों के लिए होती है जिनके पैसे के लेनदेन का कार्य बैंकों के द्वारा किया जाता है. इन अकाउंट धारकों के लिए बैंकों के कर्मचारियों को अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ती है. इसलिए चालू खाते की सुविधा मुक्त नहीं होती इसमें अकाउंट खोलने वाले लोगों को चार्ज देना पड़ता है.

Note: यदि आपके बैंक अकाउंट में मात्र ₹50,000 हैं और आपको ₹60,000 की आवश्यकता है. तो आप अपने करंट अकाउंट से ₹60,000 निकाल सकते हैं. जब आप अपने बैंक में पैसे जमा कराएंगे आपके द्वारा उठाए गए अतिरिक्त 10,000 रुपए बैंक रिकवर कर लेगी.

ब्याज: चालू खाते में जमा राशि पर कोई ब्याज नहीं मिलता.

Saving Account और Current Account में अंतर

बचत खाता और चालू खाता में कुछ मुख्य अंतर है जिनको आप नीचे की सूची से समझ सकते हैं.
Saving AccountCurrent Account
  1. सेविंग अकाउंट उन लोगों के लिए है जिन्हें महीने में 2 या 4 बार या फिर सालों में अपने बैंक अकाउंट से पैसे निकालने की जरूरत होती है.
  2. सेविंग अकाउंट बचत खाता में आपको ब्याज मिलता है.
  3. बचत खाता धारक को पासबुक मिलती है.
  4. बचत खाता खुलवाने के लिए आपको ज्यादा पैसों की जरूरत नहीं होती आप ₹100 या 500 rupay या फिर जीरो बैलेंस का खाता भी खुलवा सकते हैं.
  5. बचत खाते वाले व्यक्ति उतने ही पैसे अपने अकाउंट से निकाल सकते हैं जितने उनके खाते में हैं.
  1. करंट अकाउंट उन लोगों के लिए है जिन्हें रोजाना लेनदेन के लिए बैंक से पैसे निकालने या जमा करने होते हैं. खास तौर पर यह व्यावसायिक लोगों और संस्थानों के लिए होता है.
  2. Current अकाउंट पर ब्याज नहीं मिलता
  3. करंट अकाउंट अर्थात चालू खाता में आमतौर पर पासबुक की सुविधा नहीं होती.
  4. चालू खाता खुलवाने के लिए आपको अधिक पैसों की आवश्यकता होती है यह बैंक की स्कीम पर निर्भर करता है.
  5. भले ही आपके अकाउंट में कम रुपए हो मगर आप अपनी जरूरत के अनुसार अधिक पैसे उठा सकते हैं जब अगली बार जमा करेंगे तो बैंक आपके द्वारा निकाले गए अधिक पैसे काट लेगी.

Our Word

प्रिय पाठकों, उम्मीद करते हैं करंट अकाउंट और सेविंग अकाउंट के बारे में आपको पूरी जानकारी इस लेख के माध्यम से मिल चुकी. अब अपनी आवश्यकता अनुसार तय कीजिए कि आपको बचत खाता(saving account) की जरूरत है या फिर चालू खाता(Current account).